Consulting Editor: Mo Faheem ‘
*देहरादून (Big News Today): अंकिता भंडारी हत्याकांड में न्याय की मांग को लेकर कांग्रेस ने भाजपा सरकार के खिलाफ मोर्चा तेज कर दिया है। देहरादून में शनिवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव और उत्तराखंड प्रभारी कुमारी शैलजा ने कहा कि यह मामला सिर्फ एक बेटी को न्याय दिलाने का नहीं, बल्कि उत्तराखंड की अस्मिता और महिला सुरक्षा का सवाल है।
देहरादून के एक निजी होटल में हुई इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल, नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य, कैंपेन कमेटी अध्यक्ष प्रीतम सिंह, डॉ. हरक सिंह रावत, उपनेता प्रतिपक्ष भुवन कापड़ी, मीडिया कमेटी चेयरमैन राजीव महर्षि, राष्ट्रीय मीडिया कॉर्डिनेटर पंखुड़ी पाठक, महिला प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला, प्रवक्ता प्रतिमा सिंह एवं गरिमा दसौनी सहित कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।
अंकिता केस में VIP की भूमिका पर सरकार घिरी
कुमारी शैलजा ने कहा कि अंकिता भंडारी के परिवार द्वारा कथित VIP की भूमिका को लेकर उठाए गए सवालों का सरकार ने अब तक संतोषजनक जवाब नहीं दिया है। उन्होंने भाजपा नेता दुष्यंत कुमार गौतम को सिक्किम का राज्यपाल बनाए जाने पर सवाल उठाते हुए कहा कि इस नियुक्ति ने उत्तराखंड की भावनाओं को आहत किया है।
उन्होंने कहा कि जब अंकिता के माता-पिता दिल्ली में इंडिया गेट पर धरने पर बैठे तो राहुल गांधी और प्रियंका गांधी ने उनसे मुलाकात की और राष्ट्रपति को पत्र लिखकर हस्तक्षेप की मांग की। कांग्रेस का संघर्ष न्याय मिलने तक जारी रहेगा।
सरकार पर लगाए कई गंभीर आरोप
कांग्रेस प्रभारी ने भाजपा सरकार पर कई मोर्चों पर हमला बोला –
1. भ्रष्टाचार और भूमि-खनन माफिया: सड़कों के निर्माण, सरकारी ठेकों और भूमि सौदों में प्रभावशाली लोगों को लाभ पहुंचाने और खनन माफिया को संरक्षण देने का आरोप लगाया।
2. बेरोजगारी और पेपर लीक: भर्ती परीक्षाओं में अनियमितताओं और पेपर लीक से युवाओं का भरोसा टूटा है, पलायन बढ़ रहा है।
3. बद्रीनाथ चढ़ावे का मामला: बद्रीनाथ मंदिर के चढ़ावे में कथित अनियमितता की निष्पक्ष जांच और हिसाब सार्वजनिक करने की मांग की।
4. महिला एवं बाल कल्याण विभाग: मंत्री रेखा आर्य के विभाग से जुड़े राशन वितरण, मिड-डे मील और अन्य खर्चों में अनियमितताओं की जांच की मांग की। पार्टी ने SIT की निष्पक्षता पर भी सवाल उठाए।
कांग्रेस के आगामी कार्यक्रमों का ऐलान
प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस ने अपने आंदोलन की रूपरेखा भी घोषित की –
– 22 से 25 अक्टूबर: प्रदेशभर में न्याय यात्रा और विधानसभा स्तर पर जनसंवाद
– 27 अक्टूबर: गैरसैंण में विधानसभा सत्र के दौरान विधानसभा का घेराव। अंकिता केस, भ्रष्टाचार, बेरोजगारी और पलायन के मुद्दे सदन में भी उठाए जाएंगे
– 1 नवंबर: दिल्ली में वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के खिलाफ विशाल रैली
– 4 नवंबर: उत्तराखंड की जमीन और संसाधनों की कथित बिक्री के खिलाफ जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन
कुमारी शैलजा ने कहा कि प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनने पर सभी भ्रष्टाचार के मामलों की निष्पक्ष जांच और भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता उनकी प्राथमिकता होगी।




