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जानिए आख़िर कौन है युवा आयोग की अवधारणा के पीछे-उत्तराखंड

Uttarakhand


युवा आयोग: विधायक संजीव आर्य त्रिवेंद्र सरकार में चमके सितारे की तरह

नैनीताल से बीजेपी विधायक संजीव आर्य ने सरकार को दिया था सुझाव

13फरवरी को सरकार की मंथन बैठक में पुरज़ोर तरीके से युवा आयोग का सुझाव दिया था

सीएम की कद्दावर सचिव राधिका झा ने भी सुझाव का समर्थन किया था

युवा शक्ति की ऊर्जा और विज़न का उपयोग करेगा युवा आयोग


देहरादून– उत्तराखंड की त्रिवेंद्र रावत सरकार युवा आयोग बनाने की तैयारी कर रही है। कैबिनेट की बैठक में युवा आयोग के लिए सैद्धान्तिक सहमति बन चुकी है। इस युवा आयोग को उत्तराखंड प्लानिंग कमीशन के अंतर्गत फंक्शन में लाया जाएगा। युवा आयोग को प्लानिंग कमीशन के तहत रखने से ही स्पष्ट संकेत मिल रहा है कि युवा आयोग में राज्य की युवा शक्ति और विजनरी सोच का उपयोग राज्य की नीति निर्धारण और विकास योजनाओं में इस्तेमाल करने की तैयारी चल रही है। हालांकि अभी युवा आयोग का स्वरूप निर्धारित नहीं है लेकिन माना जा रहा है इसमें कौशल विकास, नियोजन विभाग, युवा कल्याण विभाग एवं सेवा योजन विभाग को अलग-अलग रूपों में जोड़ा जा सकता है।

कैसे बनी अवधारणा!

युवा आयोग को लेकर सरकार की तैयारी के पीछे नैनीताल से बीजेपी के युवा और पहली बार के विधायक संजीव आर्य की सोच लगी हुई है। संजीव आर्य ने युवा आयोग बनाने की जरूरत और उसके लाभ को लेकर 13 फरवरी को सरकार के मंथन कॉन्फ्रेंस में पुरजोर तरीके से सुझाव रखा था। हालाकिं युवा आयोग के प्रस्ताव पर संजीव आर्य पहले भी अपनी बात कहते रहे हैं लेकिन सरकार के मंथन में जिस पुरजोर तरीके से उन्होंने युवा आयोग के उद्देश्य और लाभ की बात रखी उसको मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने बहुत गंभीरता से लिया। बताते हैं कि मुख्यमंत्री की कद्दावर सचिव वरिष्ठ आईएएस अफसर राधिका झा ने भी सीएम के सामने युवा आयोग के सुझाव का समर्थन किया था। खुद मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने भी नैनीताल से युवा विधायक संजीव आर्य के इस सुझाव को बहुत पसंद किया। जिसके बाद सरकार ने युवा आयोग के गठन पर काम शुरू कर दिया है।

संजीव आर्य ने Big News Today से बात करते हुए कहा है युवा आयोग को लाभकारी बताया है। “युवा आयोग उत्तराखंड के विकास की दिशा में बहुत महत्वपूर्ण साबित होगा। मैं पहले भी युवा आयोग की बात कहता रहा हूँ, और मंथन में भी मैंने युवा आयोग बनाने के लिए अपना सुझाव दिया था। युवा सोच को पलायन रोकने में भी उपयोग लाया जा सकता है”- संजीव आर्य, नैनीताल विधायक

क्या होगा फायदा!

माना जा रहा है कि युवा आयोग से राज्य के विकास के लिए युवाओं की इन्नोवेटिव और एडवांस तकनीकि वाली सोच का लाभ लिया जाएगा। इसके लिए युवा आयोग के स्वरूप पर काम किया जाएगा ताकि युवाओं के मूददों को हल करने के साथ साथ उनकी इन्नोवेटिव आइडियाज़ का भी इस्तेमाल किया जा सके। “युवा आयोग का फॉरमेट अभी तैयार किया जाएगा, इसपर कैबिनेट की सहमति बन चुकी है। आयोग राज्य के विकास का महत्वपूर्ण अंग होगा”- मदन कौशिक, शासकीय प्रवक्ता एवं कैबिनेट मंत्री। माना जा रहा है कि युवा आयोग के अस्तित्व में आने से राज्य से पलायन रोकने और रिवर्स पलायन में भी मदद मिलेगी। क्योंकि युवा सोच के साथ ही स्थानीय स्तर पर रोजगार बढ़ाकर ही पलायन को रोकने में काफी मदद मिल सकती है।