नई दिल्ली /देहरादून। (BIG NEWS TODAY) : नारी शक्ति वंदन अधिनियम के लोकसभा में पारित न होने के बाद भाजपा सरकार ने मंगलवार 28 अप्रैल को विधानसभा का विशेष सत्र बुलाया। वहीं अखिल भारतीय महिला कांग्रेस ने दिल्ली विधानसभा का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया। सैकड़ों की संख्या में पहुंची महिलाओं ने नारे लगाए — “महिला आरक्षण लागू करो, आज करो, अभी करो” तथा “OBC महिलाओं को शामिल करो, शामिल करो।” प्रदर्शनकारी महिलाओं ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर सरकार के खिलाफ जोरदार विरोध दर्ज कराया।
महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष Alka Lamba ने कहा कि हमने सभी दलों के सहयोग से वर्ष 2023 में नारी शक्ति वंदन अधिनियम को पारित कराया था, लेकिन उसे लागू करने में आखिर इतनी देरी क्यों हो रही है। उन्होंने कहा कि जब सरकार ने कानून पारित कर दिया है तो फिर उसे लागू करने से पीछे क्यों हट रही है। उन्होंने मांग की कि लोकसभा की 528 सीटों पर तत्काल महिला आरक्षण लागू किया जाए। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री Narendra Modi जनता को गुमराह कर रहे हैं और महिलाओं के नाम पर केवल राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास कर रहे हैं।
अखिल भारतीय महिला कांग्रेस की महासचिव एवं प्रभारी शिल्पी अरोड़ा ने कहा कि संसद में जो बिल पारित हुआ, वह वास्तविक महिला आरक्षण बिल नहीं बल्कि मोदी संरक्षण बिल था। देश की जनता को गलत नैरेटिव दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार की नीयत साफ है तो वह तुरंत महिला आरक्षण लागू करे और ओबीसी महिलाओं को भी इसमें उचित प्रतिनिधित्व दे।
महिला कांग्रेस नेताओं ने कहा कि देश की महिलाएं अब केवल आश्वासन नहीं, बल्कि अधिकार चाहती हैं। जब तक महिला आरक्षण को पूरी पारदर्शिता और न्यायसंगत तरीके से लागू नहीं किया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। प्रदर्शन के दौरान मोदी सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई तथा प्रधानमंत्री का पुतला दहन कर रोष व्यक्त किया गया। कार्यकर्ताओं ने कहा कि महिलाओं के सम्मान और राजनीतिक भागीदारी के मुद्दे पर भाजपा सरकार पूरी तरह विफल रही है।
इस कार्यक्रम में पुष्पा सिंह, उस्मान सहित दिल्ली की सभी जिला अध्यक्ष बड़ी संख्या में शामिल हुईं और महिला आरक्षण की मांग को लेकर सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया।


