Affiliate Disclosure: This article contains affiliate links. As an Amazon Associate we earn from qualifying purchases.

राज्य में पॉली हाउस की बहेगी बयार, यहां-वहां जहां-तहां पॉलीहाउस मिलेंगे देखने को, जानिए आख़िर क्या है माजरा और क्या होगा फ़ायदा!

Dehradun Delhi Uttarakhand


देहरादून (Big News Today) बड़ी ख़बर: राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में रोजगार सृजन की दिशा में राज्य की धामी सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। इसके तहत राज्य में पॉलीहाउस के माध्यम से एक लाख से अधिक कृषकों को रोजगार प्रदान करने की योजना है। विगत दिवस हुई राज्य कैबिनेट की बैठक में पॉलीहाउस के लिए धामी सरकार ने 304 करोड़ की योजना को मंजूरी प्रदान कर अपने इरादे स्पष्ट कर दिए हैं। 

राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में किस तरह रोजगार के अवसर बढ़ाए जाएं, इस हेतु मुख्यमंत्री धामी लगातार गंभीरता से काम कर रहे हैं। तमाम सार्वजनिक मंचों से भी वे ये प्रतिबद्धता दर्शा चुके हैं कि हिमाचल की तर्ज पर राज्य के पर्वतीय जिलों में भी खेती-बागवानी को रोजगार का जरिया बनाया जाए। अब इसी कड़ी में राज्य सरकार ने पॉली हाउस को लेकर बड़ा फैसला लिया है। 

इसके अन्तर्गत राज्य में क्लस्टर आधारित छोटे पॉलीहाउस (Naturally Ventilated) में सब्जी एवं फूलों की खेती की योजना का निर्णय लिया है। नाबार्ड की योजनान्तर्गत क्लस्टर आधारित 100 वर्गमीटर आकार के 17648 पॉलीहाउस स्थापना हेतु रू0 304 करोड़ रुपये राज्य कैबिनेट द्वारा स्वीकृत किये गये है, जिसमें कृषकों को 70 प्रतिशत अनुदान दिया जायेगा। इसके अन्तर्गत राज्य के लगभग 01 लाख कृषकों को प्रत्यक्ष/अप्रत्यक्ष रूप से स्वरोजगार के साधन प्राप्त होने के साथ-साथ उनकी आय में भी वृद्धि हो सकेगी, जिससे सामाजिक एवं आर्थिक स्तर मे सुधार होगा तथा पर्वतीय क्षेत्रों में होने वाले पलायन में भी कमी आयेगी। साथ ही सब्जियों के उत्पादन में 15 प्रतिशत व फूलों के उत्पादन में 25 प्रतिशत तक की वृद्धि होगी।

(Featured Image: Caurtesy)