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डिजी लॉकर एवं एंटिटी लॉकर क्यों है महत्वपूर्ण, जानिए… क्या कर रहा है सूचना प्रौद्योगिकी विभाग

Dehradun Delhi Mussoorie Uttarakhand


BIG NEWS TODAY : उत्तराखंड सरकार के सूचना प्रौद्योगिकी विभाग के अंतर्गत सूचना प्रौद्योगिकी विकास एजेंसी (ITDA) द्वारा राष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिक शासन प्रभाग (NeGD)  एवं राज्य ई.मिशन टीम (SeMT)  के सहयोग से देहरादून में डिजी लॉकर एवं एंटिटी लॉकर विषय पर एक दिवसीय जागरूकता एवं प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया।

इस कार्यक्रम का शुभारंभ रवि शंकर सिंह प्रमुख, राज्य ई.मिशन टीम, उत्तराखंड द्वारा किया गया। उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा कि डिजी लॉकर एवं एंटिटी लॉकर प्रणाली राज्य में डिजिटल शासन को मजबूती प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। कार्यक्रम का संचालन अरुण बिष्ट सहायक महाप्रबंधक (ई.सेवाएं), आईटीडीए द्वारा किया गया।

इस अवसर पर तीर्थ पाल सिंह, अपर निदेशक, आईटीडीए ने कहा कि उत्तराखंड सरकार द्वारा डिजिटल इंडिया मिशन के तहत चलाए जा रहे विभिन्न कार्यक्रमों में डिजी लॉकर एवं एंटिटी लॉकर एक महत्वपूर्ण कड़ी है। उन्होंने सभी विभागों के अधिकारियों से आग्रह किया कि वे अपने-अपने विभागों में इस प्रणाली को अधिक से अधिक लागू करने का प्रयास करें।

कार्यशाला में माईटीए भारत सरकार के विशेषज्ञों द्वारा डिजी लॉकर एवं एंटिटी लॉकर की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। सत्र के दौरान इन प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से दस्तावेजों के सुरक्षित भंडारण, साझाकरण एवं प्रबंधन पर विस्तार से चर्चा की गई।

इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में राज्य के 35 से अधिक विभागों के 65 से ज्यादा अधिकारियों ने प्रतिभाग किया। कार्यशाला में प्रतिभागियों द्वारा इन डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के व्यावहारिक उपयोग पर हाथों हाथ प्रशिक्षण भी प्राप्त किया गया।

तीर्थ पाल सिंह ने कार्यक्रम के अंत में राज्य ई.मिशन टीम एवं राष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिक शासन प्रभाग का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम उत्तराखंड को डिजिटल राज्य बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा जल्द ही अन्य जनपदों में भी इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।