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उत्तराखंड कॉंग्रेस के नेताओं को हर बार दिल्ली से ‘सामूहिक और अनुशासित’ रणनीति का पाठ क्यों सीखना पड़ता है, और फिर उसपर अमल कितना ?

Dehradun Delhi Mussoorie Uttarakhand


देहरादून/नई दिल्ली : ( रिपोर्ट: एम. फहीम ‘तन्हा’ ) I उत्तराखंड कॉंग्रेस के नेताओं की मीटिंग केंद्रीय नेतृत्व दिल्ली में ले या केंद्रीय नेता उत्तराखंड में आकर बैठक करें लेकिन हर बार सामूहिक होकर अनुशासन के साथ काम करने का सबक जरूर याद कराया जाता है I लेकिन ना जाने दिल्ली से देहरादून तक के रास्ते में ऐसी कौन सी हवा चलती है कि आलाकमान का सबक भी देहरादून पहुंचते-पहुंचते हवा हो जाता है I और वही एक दूसरे की टांग खिंचाई के उदाहरण सामने आने लगते हैं I अगर ऐसा नहीं होता तो फिर केंद्रीय नेतृत्व को हर बार एकजुट होकर सामूहिक और अनुशासित होकर काम करने का पाठ बार-बार पढ़ाना ना पड़ता I क्योंकि किसी भी संगठन के लिए ‘सामूहिकता और अनुशासन’ तो एक आवश्यक और स्वाभाविक आवश्यकता है I और फिर कॉंग्रेस जिस दौर से गुजर रही है उसमें तो ये ‘सामूहिकता और अनुशासन’ कॉंग्रेस के लिए सबसे पहली जरूरत है I

ये ऊपर की सभी बातें हमने इसलिए कहीं हैं, या समझिए कि कहनी पडी हैं क्योंकि एआईसीसी यानी अखिल भारतीय कॉंग्रेस कमेटी के मुख्यालय, इंदिरा भवन, नई दिल्ली में उत्तराखंड को लेकर गुरुवार को एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। इस बैठक में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी तथा पार्टी के संगठन महासचिव (प्रभारी) के.सी. वेणुगोपाल उपस्थित रहे। बैठक में आगामी 2027 विधानसभा चुनावों की रणनीति को लेकर गहन मंथन किया गया।

राहुल गांधी ने उत्तराखण्ड कॉंग्रेस के सभी शीर्ष नेताओं को “कलेक्टिव और डिसिप्लिन्ड” (सामूहिक और अनुशासित) रणनीति के तहत कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि हाईकमान द्वारा प्रदेश प्रभारी के माध्यम से जारी निर्देशों का सभी को पूरी निष्ठा से पालन करना अनिवार्य है।

राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि कांग्रेस पार्टी को प्रदेश के प्रत्येक वंचित, शोषित और पिछड़े वर्ग के साथ खड़े रहना है। उनकी हर लड़ाई और ज़रूरत में कांग्रेस की भूमिका निर्णायक होनी चाहिए, जिस पर कोई समझौता नहीं किया जा सकता। कांग्रेस पार्टी सदैव गरीब और कमजोर वर्गों के साथ मजबूती से खड़ी रही है।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करन माहरा एवं नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे को उत्तराखंड दौरे का आमंत्रण दिया, जिस पर उन्होंने शीघ्र ही दौरे पर विचार कर आश्वासन दिया।

प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा ने बताया कि “नव संकल्प शिविर” में तय बिंदुओं के अनुसार प्रदेश में हाईकमान के निर्देशों पर अमल किया जा रहा है, जिसके सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। कांग्रेस आज धरातल पर पहले से अधिक मज़बूती से सक्रिय है। हाल ही में हुए उपचुनावों और निकाय चुनावों में कांग्रेस पार्टी का मत प्रतिशत बढ़ा है।

बागेश्वर और केदारनाथ उपचुनावों में कांग्रेस ने उल्लेखनीय प्रदर्शन करते हुए मत प्रतिशत में वृद्धि की है। कांग्रेस पार्टी सभी शीर्ष नेताओं के साथ एकजुट होकर कार्य कर रही है और भविष्य में भी “कलेक्टिव और डिसिप्लिन्ड” रणनीति के तहत ही आगे बढ़ेगी।

इस अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह, गणेश गोदियाल सहित अन्य वरिष्ठ नेताओं ने भी अपने विचार हाईकमान से साझा किए। सभी नेताओं ने एक स्वर में यह संकल्प लिया कि वे कांग्रेस की आवाज़ को जन-जन तक पहुंचाएंगे।

सवाल ये है कि क्या इस बार के ‘सामूहिकता और अनुशासन’ के पाठ को कॉंग्रेस नेता याद रख पाएंगे, और याद रखना तो ठीक क्या उसपर अमल कर पाएंगे I या फिर एक दूसरे को निपटाने में ही अपनी सारी एनर्जी लगाते रहेंगे I सवाल ये भी है कि क्या प्रदेश प्रभारी कुमारी शैलजा दिल्ली से ही उत्तराखंड का प्रभार संभालती रहेंगी या कभी देहरादून या प्रदेश के अन्य हिस्सों में जाकर भी प्रदेश की राजनीति और उत्तराखण्ड की जनता की नब्ज को अपने आले से भी समझने की कोशिश करेंगी I बहरहाल, कॉंग्रेस की बात कॉंग्रेस जाने I हम तो बस इतना और बता देते हैं कि दिल्ली की इस बैठक में जिनके नाम नीचे लिखे हुए हैं वो नेता भी शामिल हुए I

बैठक में प्रदेश प्रभारी कुमारी शैलजा, सीडब्ल्यूसी सदस्य गुरदीप सिंह सप्पल, सह-प्रभारी सुरेंद्र शर्मा व परगट सिंह, लोकसभा प्रत्याशी प्रदीप टम्टा व प्रकाश जोशी, राष्ट्रीय सचिव काजी निजामुद्दीन, उत्तराखंड विधानसभा में उपनेता प्रतिपक्ष भुवन कापड़ी, पूर्व कैबिनेट मंत्री डॉ. हरक सिंह रावत, विधायक ममता राकेश, विधायक तिलक राज बेहड़, विधायक रवि बहादुर, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गोविंद सिंह कुंजवाल, पूर्व मंत्री नवप्रभात तथा कांग्रेस फ्रंटल संगठनों के अध्यक्ष, महिला कॉंग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला, सेवा दल की प्रदेश संगठक हेमा पुरोहित सहित सुमित्तर भुल्लर, विकास नेगी तथा मदन लाल भी उपस्थित रहे।