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‘अंतस को घेरे जो सघन कुहासा’ : कविता गहरी भावनाओं, मानव मन के विभिन्न पहलुओं की अभिव्यक्ति

Dehradun Delhi Mussoorie Uttarakhand


BIG NEWS TODAY : कविता कवि की गहरी भावनाओं, समाज के प्रति उनकी दृष्टि और मानव मन के विभिन्न पहलुओं को अभिव्यक्त करती है। मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने उपनिबंधक (सोसायटी पंजीकरण) आलोक शाह द्वारा रचित कविताओं के संग्रह ‘अंतस को घेरे जो सघन कुहासा’ का विमोचन किया। इस अवसर पर मुख्य सचिव ने कहा कि कविता कवि की गहरी भावनाओं, समाज के प्रति उनकी दृष्टि और मानव मन के विभिन्न पहलुओं को अभिव्यक्त करती है। लेखक आलोक शाह ने अपनी इस पुस्तक में जीवन की संवेदनाओं और विचारों को एक मार्मिक तरीके से प्रस्तुत किया है, जो पाठकों को गहराई से छूता है।

मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने आलोक शाह के साहित्यिक प्रयासों की सराहना करते हुए कहा, “कविता एक ऐसा माध्यम है जो जीवन की गहराइयों को समझने और व्यक्त करने का अवसर देती है। यह पुस्तक न केवल व्यक्तिगत विचारों को साझा करती है बल्कि समाज को एक नई दिशा देने की क्षमता भी रखती है।”

इस अवसर पर गंगा प्रसाद अपर सचिव, जयपाल तोमर अध्यक्ष वित्त सेवा संघ, ख़ज़ान पांडे, नरेंद्र सिंह, भूपेश कांडपाल, तंजीम अली, मनमोहन मैनाली, कैलाश पांडेय आदि उपस्थित रहे।