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water causes diseases

पानी के कारण होने वाले संक्रामक रोगों से बचना हो तो ये काम करें।

Dehradun Delhi Uttarakhand


BIG NEWS TODAY : स्वास्थ्य सचिव डॉ. आर राजेश कुमार ने बताया गर्मियों के दौरान पेयजल से होने वाले संक्रामक रोगों के मामले अधिक सामने आते हैं। डायरिया, कालरा, वायरल हेपेटाइटिस, टाइफाइड जैसी बीमारियों होने और इनके प्रसारण होने का खतरा बढ़ जाता है। राज्य में संक्रामक रोगों की रोकथाम को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने एसओपी जारी कर दी है। स्वास्थ्य सचिव डॉ. आर राजेश कुमार ने एसओपी जारी करते हुए जल जनित रोगों की रोकथाम को लेकर अधिकारियों-कर्मचारियों को सख्त दिशा-निर्देश दिए हैं।

संक्रामक रोगों में एक शरीर से अन्य शरीर में फैलने की क्षमता होती है। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग के सभी अधिकारियों-कर्मचारियों को निर्देशित किया गया है कि नगर निगम, नगर पालिका, पंचायती राज विभाग, ग्राम विकास समिति से समन्वय बनाते हुए स्वच्छता एवं साफ सफाई, जन जागरूकता इत्यादि की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

संक्रामक रोगों से बचने के लिए इन बातों का रखें ख्याल
स्वास्थ्य सचिव डॉ. आर राजेश कुमार ने कहा संक्रामक रोगों से बचने के लिए पानी उबाल कर पियें एवं ढक कर रखे। जल को साफ बर्तनों अयं उचित तरीके से भरें और दूषित जल का उपयोग न करें। ताजे खाद्य पदार्थों का सेवन करें एवं खाद्य पदार्थों को ढक कर रखें। शौच के पश्चात, भोजन करने व बनाने एवं खाने से पहले साबुन से अच्छी तरह हाथ धोवें। शौचालय का प्रयोग करें एवं शौचालय को साफ रखें। नहाने के लिए केवल स्वच्छ जल का उपयोग करें।

स्वास्थ्य सचिव डॉ. आर राजेश कुमार ने क्षेत्र में जल जनित रोग की क्लस्टरिंग ऑफ केसेस पाये जाने पर जनपद स्तरीय रैपिड रिस्पांस टीम  (एपिडेमियोलॉजिस्ट, चिकित्सक फिजिशियन,पीडियाट्रिसियन एवं माइकोबाइलैजिस्ट, पैथोलोजिस्ट) टीम द्वारा त्वरित उपचार, नियंत्रण एवं रोकथाम के लिए त्वरित कार्यवाही की जाए। राजकीय एवं निजी चिकित्सा इकाइयों द्वारा जल जनित रोगों के रोगियों की सूचना अनिवार्य रूप से दी जाएगी। 

समस्त चिकित्सा ईकाईयों में समुचित मात्रा में ओआरएस, आईवीपलूयूड्स, एन्टीबायोटिक्स, व अन्य औषाधियों एवं जल की गुणवत्ता की जांच एवं विसंक्रमण के लिए जनपद स्तर पर ब्लीचिंग पाउडर, क्लोरीन टैबलेट्स, ओटी सोल्यूशन एवं एच 2 एस (H₂S) स्ट्रिप्स की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। जनपद स्तर, ब्लॉक स्तर एवं ग्राम स्तर में पेयजल की गुणवत्ता जांच एवं विसंक्रमण हेतु जल संस्थान विभाग से समन्वय बनाते हुए कार्यवाही की जाए।

स्वास्थ्य सचिव डॉ. आर. राजेश कुमार ने कहा है कि स्वास्थ्य जनपद, ब्लॉक एवं ग्राम स्तर पर स्वास्थ्य कर्मियों के माध्यम से आम जनमानस में जल जनित रोगों से बचाव एवं रोकथाम संबंधित जन जागरूकता कार्रवाई (आईइसी) की जाए एवं हेंड बिल, पोस्टर एवं सामूहिक गोष्ठियों से जनता को जागरूक करें।